Connect with us

विदेश

कश्मीरी अलगाववादियों से बात जारी रखेंगे : पाकिस्तान

Published

on

संयुक्त राष्ट्र| पाकिस्तान ने कहा है कि भारत से वार्ता करने के लिए वह कश्मीरी अलगाववादियों से सलाह-मशविरा बंद नहीं करेगा। (international hindi news) संयुक्त राष्ट्र में बुधवार को पाकिस्तान की तरफ से कही गई इस बात को भारत ने तुंरत खारिज कर दिया।

संयुक्त राष्ट्र महासभा में पाकिस्तान की स्थायी प्रतिनिधि मलीहा लोधी ने कहा कि कश्मीर मसले के शांतिपूर्ण हल के लिए कश्मीरी अलगाववादियों से सलाह-मशविरा अत्यावश्यक है। उन्होंने कहा, ” (भारत से) वार्ता के लिए इस सलाह-मशविरे को रोकने की पूर्व शर्त न केवल अस्वीकार्य है बल्कि यह विपरीत नतीजे देने वाली भी है।”

भारतीय राजनयिक अभिषेक सिंह ने पाकिस्तान की इस बात को खारिज करते हुए इसे भारत के अंदरूनी मामले में दखलंदाजी बताया।

लोधी ने बीते महीने संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तानी प्रधानमंत्री नवाज शरीफ द्वारा सुझाए गए चार सूत्री शांति फार्मूले को दोहराया। उन्होंने कहा कि भले ही भारत से सकारात्मक प्रतिक्रिया न मिल रही हो लेकिन फिर भी “पाकिस्तान सभी मुद्दों पर बात करने के लिए तैयार है।”

भारत के संयुक्त राष्ट्र मिशन के प्रथम सचिव अभिषेक सिंह ने महासभा में लोधी के प्रस्ताव को खारिज कर दिया। उन्होंने विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के जवाब को दोहराया, “हम चार सूत्र नहीं चाहते। हम सिर्फ एक सूत्र चाहते हैं-आतंकवाद छोड़ दो और फिर हम बैठकर बात करते हैं।”

सिंह ने याद दिलाया कि स्वराज ने कहा था, “भारत बातचीत चाहता है। लेकिन, बातचीत और आतंकवाद एक साथ नहीं हो सकते।”

सुषमा ने कहा था कि पहले राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) स्तर की बातचीत में आतंकवाद पर चर्चा करते हैं। अगर इस चर्चा का सकारात्मक नतीजा निकला तो फिर सभी मुद्दों पर द्विपक्षीय बात के लिए भारत तैयार है।

भारत-पाकिस्तान की एनएसए स्तर की बात इसलिए नहीं हो सकी थी क्योंकि पाकिस्तान बातचीत से पहले कश्मीरी अलगाववादियों से मिलने पर अड़ गया था।

शरीफ के चार सूत्री फार्मूले में ताकत के इस्तेमाल की बात न करने, कश्मीर को विसैन्यीकृत करने, सियाचिन ग्लेशियर से सेना हटाने और नियंत्रण रेखा पर संघर्षविराम को औपचारिक रूप देना शामिल है।

लोधी ने कश्मीर मुद्दे पर कहा कि बजाए जनमत संग्रह कराने के “कश्मीर के लिए लोगों पर भीषण अत्याचार किया जा रहा है।” उन्होंने कहा कि नियंत्रण रेखा पर बढ़ते तनाव को खत्म करने की जरूरत है।

संयुक्त राष्ट्र के काम से संबद्ध रपट पर मलीहा लोधी के भाषण के बाद संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि असोक कुमार मुखर्जी ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, “यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि पाकिस्तान की सम्मानित प्रतिनिधि ने उस मुद्दे को उठाया जिसका आज की बहस से कोई लेना-देना ही नहीं है।”

उन्होंने कहा, “हमारे बीच राजनयिक संबंध है। इस तरह के मुद्दे इसी संबंध के दायरे में उठने चाहिए न कि कहीं और।”

जवाब देने के हक का इस्तेमाल करते हुए अभिषेक सिंह ने कहा, “ये बातें इसलिए और भी विचित्र हो जाती हैं कि इन्हें एक ऐसा देश कह रहा है जिसने भारत के जम्मू एवं कश्मीर के एक भाग पर अवैध कब्जा कर रखा है। इस तरह की बातें भारत के अंदरूनी मामलों में दखलंदाजी है। इसलिए हम इन्हें खारिज करते हैं।”

विदेश

चीन ने ताजा हमले में ताइवान जलडमरूमध्य में लंबी दूरी की गोला बारूद दागी: रिपोर्ट

Published

on

 चीनी सेना ने गुरुवार को ताइवान जलडमरूमध्य में प्रोजेक्टाइल लॉन्च किए, एएफपी के पत्रकारों ने देखा, जैसा कि बीजिंग की सेना ने क्षेत्र में “लंबी दूरी तक गोला बारूद फायरिंग” की घोषणा की।एएफपी के पत्रकारों ने देखा कि आस-पास के सैन्य प्रतिष्ठानों की निकटता से आसमान में उड़ने वाले कई छोटे प्रोजेक्टाइल आसमान में उड़ रहे थे, जिसके बाद दोपहर 1.13 बजे (0513 जीएमटी) के आसपास सफेद धुएं और तेज धमाके की आवाज आई। चीन की सेना ने एक बयान में कहा कि उसने “पूर्वी ताइवान जलडमरूमध्य में विशिष्ट क्षेत्रों पर लंबी दूरी की गोला बारूद फायरिंग की।”पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) के ईस्टर्न थिएटर कमांड ने एक बयान में कहा, “पूर्वी ताइवान जलडमरूमध्य पर विशिष्ट क्षेत्रों पर सटीक हमले किए गए और अपेक्षित परिणाम प्राप्त हुए।” अमेरिकी हाउस स्पीकर नैन्सी पेलोसी द्वारा द्वीप की यात्रा के बाद महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय शिपिंग लेन में बल के प्रदर्शन में चीन वर्तमान में ताइवान को घेरने वाले अपने कुछ सबसे बड़े सैन्य अभ्यास कर रहा है।रविवार तक चलने के लिए सेट, अभ्यास ताइवान के आसपास के कई क्षेत्रों में होगा कुछ बिंदुओं पर तट के सिर्फ 20 किलोमीटर (12 मील) के भीतर।

Continue Reading

विदेश

पाक सेना कमांडर मारा गया, बलूच विद्रोहियों पर शक

Published

on

क्वेटा कोर कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल सरफराज अली और पांच अन्य को लेकर जा रहा पाकिस्तानी सेना का एक हेलीकॉप्टर सोमवार देर रात बलूचिस्तान के लासबेला इलाके में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। माना जाता है कि उसमें सवार सभी छह लोग मारे गए थे और जब दुर्घटना की जांच की जा रही है, तो बहुत मजबूत और विश्वसनीय संदेह है कि हेलिकॉप्टर को बलूच विद्रोहियों ने मार गिराया होगा।इनपुट्स में कहा गया है कि बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी-जिसने अभी तक कोई बयान नहीं दिया है-ने हेलीकॉप्टर को निशाना बनाया हो सकता है क्योंकि क्वेटा कॉर्प्स कमांडर-एक उच्च पदस्थ व्यक्ति जो क्षेत्र में आतंकवाद विरोधी को संभालता है और दक्षिण अफगानिस्तान के साथ सीमा की रक्षा करता है बोर्ड पर था.पाकिस्तान की रिपोर्ट में मारे गए अन्य पांच लोगों की पहचान ब्रिगेडियर अमजद हनीफ (डीजी कोस्ट गार्ड), मेजर सईद (पायलट), मेजर तल्हा (सह-पायलट) और नाइक मुदासिर (चालक दल के सदस्य) के रूप में हुई है।आगे की रिपोर्टों के अनुसार, बलूचिस्तान के लासबेला जिले में एक बेस से उड़ान भरने के तुरंत बाद हेलिकॉप्टर का जमीनी नियंत्रण से संपर्क टूट गया।बलूचिस्तान के दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्रों में लापता विमान क्षेत्र की तलाशी अभियान जारी है।एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने एक स्थानीय मीडिया आउटलेट को बताया कि कम आबादी वाले पहाड़ी इलाके में मलबे और शवों, या बचे लोगों का पता लगाने के प्रयासों में बाधा आ रही है।पाक प्रधान मंत्री शहबाज शरीफ ने चिंता व्यक्त की और राष्ट्र से सैनिकों के लिए प्रार्थना करने को कहा।
प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया, "बलूचिस्तान से सेना के हेलीकॉप्टर का गायब होना चिंताजनक है। पूरा देश ईश्वर से प्रार्थना करता है कि वह देश के इन बेटों की सुरक्षा, सुरक्षा और वापसी के लिए प्रार्थना करे जो बाढ़ पीड़ितों की मदद के लिए आगे आए। ईश्वर की इच्छा" उर्दू में।
पूर्व पीएम इमरान खान ने डाउन किए गए हेलिकॉप्टर में सवार लोगों की सुरक्षा के लिए प्रार्थना करते हुए ट्वीट किया: "सेना के विमानन हेलीकॉप्टर के लापता होने की परेशान करने वाली खबर और उसमें सवार सभी लोगों के लिए प्रार्थना।"

Continue Reading

विदेश

यूक्रेन, रूस से अनाज के एक साथ निर्यात के पक्ष में गुटेरेस

Published

on

संयुक्त राष्ट्र।  (वार्ता/स्पूतनिक) संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने यूक्रेन और रूस से एक साथ अनाज का निर्यात किये जाने की वकालत की है।

संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने कहा है कि श्री गुटेरेस ने यूक्रेन और रूस से एक साथ अनाज के निर्यात के सौदे को लेकर बात की है।

इससे पहले रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने सुझाव दिया था कि अनाज निर्यात का सबसे आसान और कम खर्चीला मार्ग बेलारूस के माध्यम से है , हालांकि संयुक्त राष्ट्र ने हाल के दिनों में बेलारूस मार्ग के बारे में कोई बात नहीं की है।

वहीं रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने कहा है कि श्री गुटेरेस के दृष्टिकोण से खाद्य संकट गहराता जा रहा है और विशेष रूप से विकासशील देशों के लिए समस्याएं पैदा कर रहा है। उन्होंने बताया कि वह (श्री गुटेरेस) शुरू में अनाज के निर्यात को पहले यूक्रेन और फिर रूस से बाहर करना चाहते थे।

Continue Reading

Trending

%d bloggers like this: