Connect with us

उत्तर प्रदेश

भाजपा नेतृत्व ने प्रदेश संगठन में पश्चिम को रखा केन्द्र

Published

on

भाजपा कार्यकर्ताओं में सर्वाधिक लोकप्रिय प्रदेश अध्यक्ष बने चौधरी भूपेन्द्र
गाजियाबाद (करंट क्राइम)। स्वतंत्र देव सिंह के कार्यकाल पूरा होने के बाद उनके इस्तीफे के बाद से ही इस बात के कयास लगाये जा रहे थे कि प्रदेश अध्यक्ष वाली कमान इस बार किसके हाथों में भाजपा का शीर्ष नेतृत्व सौंपेगा। कई नामों पर चर्चा थी और गुरूवार का दिन भाजपा प्रदेश अध्यक्ष की घोषणा का दिन रहा और यहां भाजपा के राष्टÑीय अध्यक्ष जेपी नड्डा की ओेर से अधिकारिक घोषणा के बाद विधान परिषद सदस्य चौधरी भूपेन्द्र सिंह को प्रदेश अध्यक्ष घोषित किया गया। पार्टी के राष्टÑीय महासचिव अरूण सिंह की ओर से अधिकारिक सूचना जारी की गयी। सबसे बड़ी बात ये है कि देश की सियासी राजधानी कहे जाने वाले उत्तर प्रदेश की पश्चिम बैल्ट से भाजपा ने अपने प्रदेश अध्यक्ष को चुना है। भाजपा हाईकमान ने आने वाले चुनाव को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश की सियासत में पश्चिम को केन्द्र में रखा है और अध्यक्ष वाली ताजपोशी में कार्यकर्ता का चेहरा कहे जाने वाले चौधरी भूपेन्द्र को रखा है।

बदलेगा निगम चुनाव की सियासी जमीन का पूरा नक्शा
निगम चुनावों से ठीक पहले दावेदारों को अब बहुत सी चीजों को नये सिरे से तैयार करना होगा। प्रदेश संगठन महामंत्री सुनील बंसल का पहले ही तबादला राष्टÑ में हो गया है और वो प्रमोशन के बाद स्टेट से राष्टÑ में आ गये हैं। अभी उनके जाने के बाद से नये संगठन मंत्री से टयूनिंग तलाश रहे कई नेताओं को अब फिर से टयूनिंग सैट करनी है। प्रदेश अध्यक्ष के रूप में भूपेन्द्र चौधरी ने कार्यभार संभाला है और वो अध्यक्ष प्रदेश के बने हैं, वो अध्यक्ष संगठन के बने हैं लेकिन जानकार मान रहे हैं कि उनकी प्रदेश अध्यक्ष वाली कुर्सी पर विराजमान होने से गाजियाबाद नगरनिगम चुनाव का पूरा नक्शा बदल जायेगा। यहां निगम के सौ वार्डों में कई चेहरों के लिए सीन हार्ड होगा तो कई वार्डों में अपनी सीट कन्फर्म मानकर चल रहे चेहरों की सियासी जमीन खिसक जायेगी। जानकार मान रहे हैं कि प्रदेश अध्यक्ष पर उनकी आमद के बाद से गाजियाबाद की निगम चुनाव वाली सियासी जमीन का नक्शा चेहरों से लेकर वार्ड तक बदलेगा। वहीं सरकारी कृपा वाली लिस्ट में भी टविस्ट आने की उम्मीद बताई जा रही है।

भूपेंद्र के परिजनों ने जताई खुशी
भूपेन्द्र चौधरी भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बने हैं। भूपेन्द्र चौधरी को प्रदेश अध्यक्ष बनाये जाने पर उनकी माता शकुन्तला देवी ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि बेटे का यूपी भाजपा अध्यक्ष बनना बहुत खुशी की बात है। बेटा खूब तरक्की करे मेरा यही आशीर्वाद है। वहीं भूपेन्द्र चौधरी को प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी मिलने के बाद उनके पुत्र शुभम ने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, राष्टÑीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार जताते हुए कहा कि प्रदेश भी बड़ा है और जिम्मेदारी भी बड़ी है। उम्मीद है कि बड़ी जिम्मेदारी को उनके पिता बड़े उत्साह और कर्मठता के साथ पूरा करेंगे। वहीं भूपेन्द्र चौधरी की पत्नी निशी चौधरी ने कहा कि उनके पति लम्बे समय से राजनीति में सक्रिय हैं और उन्हें यह जिम्मेदारी मिलने से हम सभी खुश हैं।

नव नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष ने कहा नेतृत्व की अपेक्षा पर उतरूंगा खरा
भाजपा के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी ने कहा कि पार्टी और कार्यकतार्ओं की अपेक्षाओं के अनुसार काम करूंगा। भाजपा को आगे ले जाने के लिए काम करेंगे। उन्होंने कहा कि भाजपा के असंख्य कार्यकर्ता हमेशा चुनाव के मोड़ में रहते है। उन्होंने कहा कि बहुत से ऐसे कार्यकर्ता थे जो मुझसे अच्छा काम कर सकते थे लेकिन पार्टी ने उन्हें मौका दिया है नेतृत्व की अपेक्षाओं के अनुसार काम करेंगे। उन्होंने कहा कि पिछले चार चुनाव से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अपार सफलता मिली है। कार्यकतार्ओं ने मेहनत से अच्छे परिणाम दिए है। मोदी के नेतृत्व में सफलता के इस क्रम को लगातार जारी रखेंगें। उन्होंने कहा कि यूपी में बूथ स्तर तक भाजपा का संगठन खड़ा है। 2024 में सभी 80 सीटों पर पार्टी की जीत होगी।

पहली बार किसी जाट चेहरे को मिली भाजपा प्रदेश अध्यक्ष की कमान
भूपेन्द्र सिंह चौधरी वर्तमान में पंचायत राज्यमंत्री हैं। 2016 में वो पहली बार विधान परिषद सदस्य चुने गये थे और 2017 में प्रदेश में सरकार बनने पर उन्हें पंचायती राज्य विभाग का राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार बनाया गया था। पहली बार भाजपा ने किसी जाट चेहरे को प्रदेश अध्यक्ष की कमान सौंपी है। भूपेन्द्र चौधरी इससे पहले चार बार पश्चिम क्षेत्र के अध्यक्ष रहे हैं। स्वतंत्र देव के पहले, केशव प्रसाद मौर्य, लक्ष्मीपति त्रिपाठी, सूर्य प्रताप शाही, रमापति राम त्रिपाठी, केशरी नाथ त्रिपाठी, विनय कटियार और कलराज मिश्र अध्यक्ष बनाए जा चुके हैं। मिश्र को दो बार अध्यक्ष बनाया गया है। मिश्र के पहले राजनाथ सिंह और कल्याण सिंह भी प्रदेश अध्यक्ष बनाए जा चुके हैं।

तिरंगा यात्रा में गाजियाबाद आये थे नव नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र चौधरी
भूपेन्द्र चौधरी का गाजियाबाद कनेक्शन केवल इलेक्शन से ही कनेक्टिड नहीं है। यहां उनका कार्यकर्ता कनेक्शन है ओर ये भी एक वजह है कि दस अगस्त को कैबिनेट पंचायत राज्यमंत्री भूपेन्द्र चौधरी गाजियाबाद में आयोजित तिरंगा यात्रा में भाग लेने के लिए आये थे। कार्यकर्ताओं के बीच अपने साधारण अंदाज के लिए लोकप्रिय भूपेन्द्र चौधरी ने गाजियाबाद में आयोजित तिरंगा यात्रा में कार्यकर्ताओं के साथ तिरंगा लहराया था और उनका उत्साह बढ़ाया था।

यूपी सदन में गाजियाबाद के भाजपा नेताओं का जश्न
भूपेन्द्र चौधरी के प्रदेश अध्यक्ष वाली घोषणा होते ही गाजियाबाद के कई नेताओं ने यूपी सदन का रूख किया। प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र चौधरी दिल्ली में ही थे। गाजियाबाद के नेताओं ने यूपी सदन पहुंचकर भूपेन्द्र चौधरी को बधाई दी। भूपेन्द्र चौधरी की प्रदेश अध्यक्ष वाली नियुक्ति पर हर्ष जताया।

विश्व हिन्दु परिषद से भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष तक भूपेन्द्र चौधरी का सफर
भूपेन्द्र चौधरी का जन्म एक किसान परिवार में हुआ और मुरादाबाद के आरएन इंटर कॉलेज से 1982 में इंटर की परीक्षा पास करने के बाद 1989 में भूपेन्द्र चौधरी कृषक उपकार इंटर कॉलेज के प्रबंधक बने और इसके बाद वह विश्व हिन्दु परिषद से जुड़े। 1990 में भूपेन्द्र चौधरी विश्व हिन्दु परिषद के जिलाध्यक्ष बने। इसके बाद 1991 में वह भाजपा के सदस्य बने और 1993 में भाजपा जिला कार्यकारिणी के सदस्य बने। 1994 में वह भाजपा के जिला कोषाध्यक्ष बने और 1995 में वह भाजपा के जिला महामंत्री बने। वर्ष 1996 से लेकर 2000 तक वह भाजपा के जिलाध्यक्ष रहे। वर्ष 1999 में वह मुरादाबाद की संभल लोकसभा सीट से चुनाव लड़े। वर्ष 2000 से लेकर 2006 तक वह भाजपा के मंडल संयोजक रहे और 2007 से 2011 तक वह भाजपा पश्चिम उत्तर प्रदेश में क्षेत्रीय मंत्री रहे। वर्ष 2011 में उन्हें भाजपा का क्षेत्रीय अध्यक्ष बनाया गया और 2016 में वह विधान परिषद सदस्य बने। इसके बाद 2017 में उन्हें राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार बनाया गया और वर्ष 2019 में वह कैबिनेट मंत्री पंचायती राज विभाग बने। वर्ष 2022 में जब भाजपा सरकार आयी तो वह फिर से कैबिनेट मंत्री पंचायती राज विभाग बने। अगस्त 2022 में भूपेन्द्र चौधरी भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बने हैं।

क्या है जाट चेहरे भूपेन्द्र चौधरी की प्रदेश ताजपोशी के मायने
प्रदेश अध्यक्ष की दावेदारी को लेकर कई चेहरे चर्चा में थे। माना ये जा रहा था कि इस बार भाजपा अध्यक्ष वाली ताजपोशी में बैलेंस साधते हुए ओबीसी चेहरे को मौका देगी। यहां पर भाजपा हाईकमान ने भूपेन्द्र चौधरी को प्रदेश अध्यक्ष बनाकर भाजपा पश्चिमी उत्तर प्रदेश में जाट वोट बैंक को साधने की कोशिश की है। यहां पर भाजपा के इस कदम को रालोद और सपा की जुगलबंदी रोकने का एक कदम भी माना जा रहा है। भाजपा नेतृत्व ये मानकर चल रहा है कि जाट चेहरे को लाने से काफी हद तक संभावित नुकसान को रोका जा सकता है। जो वोट रालोद और सपा की तरफ जा सकता है उसे कमल की ओर डाईवर्ट किया जा सकता है। वहीं जाट चेहरे को प्रदेश अध्यक्ष बनाने से जहां जाट बेल्ट में एक संदेश जायेगा वहीं पश्चिम से लेकर पूर्वांचल तक ओबीसी वोट बैंक में संदेश जायेगा। वहीं भूपेन्द्र चौधरी को प्रदेश अध्यक्ष बनाकर भाजपा ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में जाट वोट बैंक को साधने की कोशिश की है। यहां पर भाजपा लोकसभा चुनाव से पहले किसान खासतौर से जाट किसान नेताओं के वार को अपनी ही पार्टी के जाट नेता से काटने की कोशिश में हैं। वहीं पूर्वांचल में ओबीसी चेहरे के रूप में भूपेन्द्र चौधरी को पेश किया जायेगा।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दी भूपेन्द्र चौधरी को बधाई
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भूपेंद्र सिंह चौधरी को भाजपा का अध्यक्ष बनने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि नि:संदेह, आपके ऊजार्वान नेतृत्व में भाजपा ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास, सबका प्रयास’ भाव के साथ प्रदेश में सफलता के नए प्रतिमान स्थापित करेगी।

राष्टÑीय महामंत्री सुनील बंसल और डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मोर्या ने दी बधाई
उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कैबिनेट मंत्री भूपेंद्र चौधरी को भाजपा का प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किए जाने पर हार्दिक बधाई व उज्ज्वल कार्यकाल की हार्दिक शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि निश्चित ही आपके नेतृत्व में भाजपा प्रदेश में और अधिक मजबूत होकर अंत्योदय की संकल्पना के साथ आगे निरंतर बढ़ेगी। उन्हें नवनियुक्त राष्ट्रीय महामंत्री सुनील बंसल ने भी बधाई दी है।

सौम्य चेहरा और सादगी वाला अंदाज कार्यकर्ताओं में बनाता है उन्हें टीआरपी सरताज
भूपेन्द्र चौधरी भाजपा राजनीति के वो चेहरे हैं जो जमीन से जुड़कर साधारण व्यक्तिव के साथ राजनीति के बड़े आयाम पूरा करते हैं। कार्यकर्ताओं के साथ उनका सादगी वाला अंदाज और सौम्य चेहरा उन्हें कार्यकर्ताओं में टीआरपी का सरताज बनाता है। उनकी पहचान एक ऐसे चेहरे के रूप में हैं जो पूरी तरह से संगठन का चेहरा है। संगठन का प्रोटोकॉल बेहतर तरीके से पूरा करते हैं। सामने वाले कार्यकर्ता से बात करते हैं तो उसे अपनी सादगी से कायल करते हैं। मंत्री पद के बावजूद बेहद साधारण अंदाज और सादगी से अपना ध्यान आकृष्ट करते हैं। इससे पहले भाजपा ने मोहित बेनिवाल को क्षेत्रीय अध्यक्ष बनाया था और अब भूपेन्द्र चौधरी के रूप में प्रदेश अध्यक्ष के रूप में पश्चिम क्षेत्र की ये एंट्री एक नया संदेश लेकर आयी है।

गाजियाबाद के कई भाजपा नेताओं को मिलेगी सियासी आॅक्सीजन
राजनीति में खेल सितारो का होता है, राजनीति में खेल सरकारों का होता है और कई बार अगर स्टार बिगड़ जायें तो फिर हर बात सरकार होते हुए भी बेकार हो जाती है। राजनीति के दाव हैं और यहां कई बार किसी एक की ताज पोशी कई चेहरों के सिर पर ताज ला देती है। कई चेहरों पर मुस्कान ला देती है। भूपेन्द्र चौधरी की प्रदेश अध्यक्ष पर ताजपोशी से भगवागढ़ के कई भाजपा नेताओं को सियासी आॅक्सीजन मिलेगी। कई पुराने साथी जहां फीलगुड करेंगे वहीं कई युवा नेताओं के लिए भी भूपेन्द्र चौधरी की ताजपोशी एक सुखद संदेश लेकर आयी है। भाजपा के कई चेहरों को सियासी आॅक्सीजन मिलेगी। हाशिये पर चल रहे कई नेताओं को संगठन में जिम्मेदारी मिल सकती है।

उत्तर प्रदेश

इसे ही कहते हैं मोहब्बत का रूल

Published

on

कम समय में सबसे मिलकर चले गए आईएएस महेन्द्र सिंह तंवर, जब था टाइट पूरा शेड्यूल
वरिष्ठ संवाददाता (करंट क्राइम)

गाजियाबाद। कई अधिकारी जिले में आते हैं और चले जाते हैं लेकिन कुछ ऐसे भी होते हैं जो दिल में बस जाते हैं। वो जब भी जिले में आते हैं तो फिर सब उनसे मिलने आते हैं और वो सबसे मिलकर जाते हैं। ऐसे अधिकारियों में नगरायुक्त पद पर कार्यरत रह चुके आईएएस महेन्द्र सिंह तंवर भी हैं। ये एक ऐसे अधिकारियों में गिने जाते हैं जो अपने व्यवहार और प्यार से सरकार तो क्या विपक्ष के पार्षदों को भी अपना बना चुके हैं। इन दिनों अपने विजन और व्यवहार का जलवा मुख्यमंत्री की नगरी गोरखपुर में बिखेर रहे हैं। वहां गोरखपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष हैं।
वह जब शुक्रवार को गाजियाबाद आये तो उन्होंने गाजियाबाद आने से पहले गाजियाबाद के सभी साथियों को फोन किये। ये उनका अंदाज है कि उनके आने की खबर से ही सब उत्साहित थे। वो बता चुके थे कि मैं कल गाजियाबाद आ रहा हूं और यहां पर सभी साथियों से वो मिले भी। भाजपा महानगर अध्यक्ष संजीव शर्मा के पिता की शोकसभा में पहुंचे तो पत्रकार दीपक सिरोही के घर पर भी गये और उनकी माता के निधन पर शोक व्यक्त किया। निवर्तमान मेयर आशा शर्मा ने उन्हें देखा तो कहा कि डीएम बनकर गाजियाबाद आओ। पूर्व राज्यमंत्री व शहर विधायक अतुल गर्ग ने उनकी तारीफ की। कनेक्टिविटी के साथ महेन्द्र सिंह तंवर ने एक बार फिर से रिश्तों को लेकर अपना विजन दिखाया और अपनेपन का एक अहसास कराया।

Continue Reading

उत्तर प्रदेश

दो महीने तीन दिन में निर्णायक मोड़ पर पहुंची सुनवाई

Published

on

गाजियाबाद (करंट क्राइम)। शनिवार को एक पीड़ित परिवार को न्याय मिलने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है। एक दुष्कर्म के आरोपी पर आज फैसला आएगा। साहिबाबाद थानाक्षेत्र में साढे 4 वर्षीय बच्ची का अपहरण कर दुष्कर्म के बाद हत्या की सनसनीखेज वारदात हुई थी। इस मामले में विशेष न्यायाधीश पास्को एक्ट की अदालत ने शुक्रवार को आरोपित को दोषी करार दिया है। सजा पर सुनवाई शनिवार को होगी। अभियोजन की तरफ से कुल 15 लोगों की गवाही हुई है। बच्ची के परिजनों ने दोषी को फांसी की सजा दिए जाने की मांग की है। इस मामले में गाजियाबाद पुलिस कमिश्नरेट के पुलिस अधिकारियों ने 15 दिसंबर को आरोप पत्र पेश किए थे। मामले में प्रतिदिन सुनवाई चल रही थी, यही कारण है कि घटना के दो माह तीन दिन में यह मामला निर्णायक मोड़ तक जा पहुंचा है।
1 दिसंबर 2022 को घर से लापता हुई थी बच्ची
विशेष लोक अभियोजन संजीव ने बताया है कि साहिबाबाद थानाक्षेत्र की करहैड़ा कॉलोनी में राजमिस्त्री का परिवार के साथ रहता था। 1 दिसंबर 2022 को करीब 2:30 बजे उनकी साढ़े 4 साल की बेटी घर से बाहर खेलते हुए लापता हो गई थी। दूसरे दिन सिटी फॉरेस्ट के जंगल में उसका शव घर के पास ही मिला था। इसके बाद परिजनों ने शव की शिनाख्त की और पुलिस इस पूरे मामले में जांच में जुट गई थी। इसके बाद पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर अपहरण, हत्या और दुष्कर्म के आरोप में एफआईआर दर्ज करवाई थी।
महिला अधिकारियों की कांप गई थी रूह
साढ़े 4 साल की बच्ची के साथ अपहरण कर दुष्कर्म की सनसनीखेज हत्या ने इस पूरे मामले में तात्कालिक डीसीपी ट्रांस हिंडन दीक्षा शर्मा और एसीपी साहिबाबाद पूनम मिश्रा की रूह का कांप दी थी। पुलिस की महिला अधिकारियों ने शुरू से ही इस मामले में प्रमुखता से साक्ष्य न्यायालय के सामने पेश किए और आरोपी को अधिकतम सजा दिलाने के प्रयास किए हैं, जो शनिवार को सुनवाई के बाद सफल हो सकते हैं।

 

Continue Reading

उत्तर प्रदेश

भगवा गढ़ में बन रही है सरकार वालों के व्यापार की कौन सी लिस्ट!

Published

on

गाजियाबाद (करंट क्राइम)। सरकार वाले बाजार में भी हैं और अलग अलग व्यापार में भी हैं। बस कारोबार को लेकर वो रडार पर आ गये हैं। सुना है कि सयंम वाले मामले के बाद भगवा कारोबारियों के व्यापार की लिस्ट मांग ली गई है। इस लिस्ट में प्रापर्टी डीलरों से लेकर रेस्टोरेंट कारोबारी हैं तो सरकारी विभागों के ठेकेदारों से लेकर लाईजनिंग वाले नाम भी आ गये हैं।
बताने वाले बता रहे हैं कि लोकसभा चुनाव से पहले पार्टी कतई नहीं चाहती कि किसी भी भगवाई के कारोबार को लेकर विपक्ष या मीडिया सरकार के काम काज पर किसी तरह की अंगुली उठा दे। अदंरखाने निर्देश मिले हैं कि धुआं, जुआ, शराब, शबाब से लेकर खराब निर्माण वाला भगवाई मिले तो उसे पार्टी से भगा दें। अब सगंठन में पद देते समय इस बात का शिजरा निकल कर आयेगा। पार्टी कारोबार को लेकर सरकार की फजीहत कराने के मूड में नहीं है। कारोबार वाले सावधान हो जाये क्योंकि लिस्ट का ट्वीस्ट अभी नहीं बल्कि आठ महीने के बाद दिखाई देगा।
कन्फर्म सूत्र बता रहे हैं कि इस लिस्ट का ट्वीस्ट आने वाले समय में दिखाई देगा। क्योंकि बड़ी खबर यह है कि अन्दर खाने कौन सा नेता कौन सा कारोबार कर रहा है यह खबर भी भाजपा वाले ही खुद देकर आएंगे। इस लिस्ट में कई के कारोबार निकलकर सामने आएंगे। फिलहाल लिस्ट को लेकर काम शुरु हो गया है।

Continue Reading

Trending

%d bloggers like this: