Connect with us

उत्तर प्रदेश

वंशवाद और परिवारवाद की राजनीति करने वाले सामाजिक न्याय के समर्थक नहीं हो सकते : योगी आदित्यनाथ

Published

on

गोरखपुर (उप्र)। उत्तर प्रदेश सरकार के खिलाफ राज्य के मंत्रियों और भाजपा विधायकों द्वारा लगाए जा रहे “दलित विरोधी” होने के आरोपों के बीच, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को यहां एक दलित परिवार के साथ भोजन करने के बाद कहा कि वंशवाद और परिवारवाद की राजनीति करने वाले समाजिक न्याय के समर्थक नहीं हो सकते। मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को मकर संक्रांति के अवसर पर दलित अमृत लाल के घर ‘समता भोज’ के तहत खिचड़ी खाकर सामाजिक समरसता का संदेश दिया। उन्होंने कहा, “भ्रष्टाचार जिनके जीन का हिस्सा हो वह सामाजिक न्याय की लड़ाई नहीं लड़ सकते।

सामाजिक न्याय यही है बिना भेदभाव के समाज के प्रत्येक तबके को शासन की योजना का लाभ मिले, उनके साथ सामाजिक और आर्थिक भेदभाव न हो।” उन्होंने कहा, “उप्र में समाजवादी पार्टी की सरकार के पूरे पांच साल के कार्यकाल में कुल 18,000 घर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लोगों को दिए गए, जबकि वर्तमान भाजपा सरकार ने योजना के तहत गरीबों और वंचितों को 45 लाख घर दिए हैं। हमारे लिए यह सामाजिक न्याय हैं।” पूर्ववर्ती समाजवादी पार्टी (सपा) सरकार पर हमला करते हुए उन्होंने कहा, “जो लोग गरीबों का हक छीनते थे, डकैती डालते थे, पेशेवर अपराधियों को अपना शार्गिद बनाते थे जब वह पेशेवर माफिया और अपराधी प्रदेश के अंदर गरीबों के मकानों पर कब्जा करते थे, दलितों की बस्तियों पर कब्जा करते थे, बुलडोजर चलाते थे, उनकी जमीनों को जबरदस्ती हड़पने का काम करते थे तब इन लोगों के मुंह से आवाज नहीं निकलती थी।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “हम जब विपक्ष में थे, तब भी लड़ाई लड़ते थे और आज अपराध मुक्त प्रदेश बनाकर सबको सुरक्षा और सबको विकास के साथ जोड़ने का काम किया हैं। ‘सबका साथ सबका विकास’ का मंत्र ही सामाजिक न्याय का सही मंत्र हैं।” गौरतलब है कि पिछले तीन दिनों के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्रियों स्वामी प्रसाद मौर्य, दारा सिंह चौहान और धर्म सिंह सैनी तथा पार्टी के पांच अन्य विधायकों ने इस्तीफा दे दिया है। इन सभी ने योगी सरकार पर दलितों और पिछड़ों की उपेक्षा का आरोप लगाया हैं।

उत्तर प्रदेश

इसे ही कहते हैं मोहब्बत का रूल

Published

on

कम समय में सबसे मिलकर चले गए आईएएस महेन्द्र सिंह तंवर, जब था टाइट पूरा शेड्यूल
वरिष्ठ संवाददाता (करंट क्राइम)

गाजियाबाद। कई अधिकारी जिले में आते हैं और चले जाते हैं लेकिन कुछ ऐसे भी होते हैं जो दिल में बस जाते हैं। वो जब भी जिले में आते हैं तो फिर सब उनसे मिलने आते हैं और वो सबसे मिलकर जाते हैं। ऐसे अधिकारियों में नगरायुक्त पद पर कार्यरत रह चुके आईएएस महेन्द्र सिंह तंवर भी हैं। ये एक ऐसे अधिकारियों में गिने जाते हैं जो अपने व्यवहार और प्यार से सरकार तो क्या विपक्ष के पार्षदों को भी अपना बना चुके हैं। इन दिनों अपने विजन और व्यवहार का जलवा मुख्यमंत्री की नगरी गोरखपुर में बिखेर रहे हैं। वहां गोरखपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष हैं।
वह जब शुक्रवार को गाजियाबाद आये तो उन्होंने गाजियाबाद आने से पहले गाजियाबाद के सभी साथियों को फोन किये। ये उनका अंदाज है कि उनके आने की खबर से ही सब उत्साहित थे। वो बता चुके थे कि मैं कल गाजियाबाद आ रहा हूं और यहां पर सभी साथियों से वो मिले भी। भाजपा महानगर अध्यक्ष संजीव शर्मा के पिता की शोकसभा में पहुंचे तो पत्रकार दीपक सिरोही के घर पर भी गये और उनकी माता के निधन पर शोक व्यक्त किया। निवर्तमान मेयर आशा शर्मा ने उन्हें देखा तो कहा कि डीएम बनकर गाजियाबाद आओ। पूर्व राज्यमंत्री व शहर विधायक अतुल गर्ग ने उनकी तारीफ की। कनेक्टिविटी के साथ महेन्द्र सिंह तंवर ने एक बार फिर से रिश्तों को लेकर अपना विजन दिखाया और अपनेपन का एक अहसास कराया।

Continue Reading

उत्तर प्रदेश

दो महीने तीन दिन में निर्णायक मोड़ पर पहुंची सुनवाई

Published

on

गाजियाबाद (करंट क्राइम)। शनिवार को एक पीड़ित परिवार को न्याय मिलने की पूरी उम्मीद जताई जा रही है। एक दुष्कर्म के आरोपी पर आज फैसला आएगा। साहिबाबाद थानाक्षेत्र में साढे 4 वर्षीय बच्ची का अपहरण कर दुष्कर्म के बाद हत्या की सनसनीखेज वारदात हुई थी। इस मामले में विशेष न्यायाधीश पास्को एक्ट की अदालत ने शुक्रवार को आरोपित को दोषी करार दिया है। सजा पर सुनवाई शनिवार को होगी। अभियोजन की तरफ से कुल 15 लोगों की गवाही हुई है। बच्ची के परिजनों ने दोषी को फांसी की सजा दिए जाने की मांग की है। इस मामले में गाजियाबाद पुलिस कमिश्नरेट के पुलिस अधिकारियों ने 15 दिसंबर को आरोप पत्र पेश किए थे। मामले में प्रतिदिन सुनवाई चल रही थी, यही कारण है कि घटना के दो माह तीन दिन में यह मामला निर्णायक मोड़ तक जा पहुंचा है।
1 दिसंबर 2022 को घर से लापता हुई थी बच्ची
विशेष लोक अभियोजन संजीव ने बताया है कि साहिबाबाद थानाक्षेत्र की करहैड़ा कॉलोनी में राजमिस्त्री का परिवार के साथ रहता था। 1 दिसंबर 2022 को करीब 2:30 बजे उनकी साढ़े 4 साल की बेटी घर से बाहर खेलते हुए लापता हो गई थी। दूसरे दिन सिटी फॉरेस्ट के जंगल में उसका शव घर के पास ही मिला था। इसके बाद परिजनों ने शव की शिनाख्त की और पुलिस इस पूरे मामले में जांच में जुट गई थी। इसके बाद पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर अपहरण, हत्या और दुष्कर्म के आरोप में एफआईआर दर्ज करवाई थी।
महिला अधिकारियों की कांप गई थी रूह
साढ़े 4 साल की बच्ची के साथ अपहरण कर दुष्कर्म की सनसनीखेज हत्या ने इस पूरे मामले में तात्कालिक डीसीपी ट्रांस हिंडन दीक्षा शर्मा और एसीपी साहिबाबाद पूनम मिश्रा की रूह का कांप दी थी। पुलिस की महिला अधिकारियों ने शुरू से ही इस मामले में प्रमुखता से साक्ष्य न्यायालय के सामने पेश किए और आरोपी को अधिकतम सजा दिलाने के प्रयास किए हैं, जो शनिवार को सुनवाई के बाद सफल हो सकते हैं।

 

Continue Reading

उत्तर प्रदेश

भगवा गढ़ में बन रही है सरकार वालों के व्यापार की कौन सी लिस्ट!

Published

on

गाजियाबाद (करंट क्राइम)। सरकार वाले बाजार में भी हैं और अलग अलग व्यापार में भी हैं। बस कारोबार को लेकर वो रडार पर आ गये हैं। सुना है कि सयंम वाले मामले के बाद भगवा कारोबारियों के व्यापार की लिस्ट मांग ली गई है। इस लिस्ट में प्रापर्टी डीलरों से लेकर रेस्टोरेंट कारोबारी हैं तो सरकारी विभागों के ठेकेदारों से लेकर लाईजनिंग वाले नाम भी आ गये हैं।
बताने वाले बता रहे हैं कि लोकसभा चुनाव से पहले पार्टी कतई नहीं चाहती कि किसी भी भगवाई के कारोबार को लेकर विपक्ष या मीडिया सरकार के काम काज पर किसी तरह की अंगुली उठा दे। अदंरखाने निर्देश मिले हैं कि धुआं, जुआ, शराब, शबाब से लेकर खराब निर्माण वाला भगवाई मिले तो उसे पार्टी से भगा दें। अब सगंठन में पद देते समय इस बात का शिजरा निकल कर आयेगा। पार्टी कारोबार को लेकर सरकार की फजीहत कराने के मूड में नहीं है। कारोबार वाले सावधान हो जाये क्योंकि लिस्ट का ट्वीस्ट अभी नहीं बल्कि आठ महीने के बाद दिखाई देगा।
कन्फर्म सूत्र बता रहे हैं कि इस लिस्ट का ट्वीस्ट आने वाले समय में दिखाई देगा। क्योंकि बड़ी खबर यह है कि अन्दर खाने कौन सा नेता कौन सा कारोबार कर रहा है यह खबर भी भाजपा वाले ही खुद देकर आएंगे। इस लिस्ट में कई के कारोबार निकलकर सामने आएंगे। फिलहाल लिस्ट को लेकर काम शुरु हो गया है।

Continue Reading

Trending

%d bloggers like this: